C.S. Lewis — 🧘 आत्म-सम्मान और आत्म-प्रेम Quote
सपने देखना या नए लक्ष्य निर्धारित करना कभी भी देर नहीं होती। बढ़ते रहो, सपने देखते रहो।
“आप कभी भी एक और लक्ष्य निर्धारित करने या एक नया सपना देखने के लिए बहुत बूढ़े नहीं होते।”

सपने देखना या नए लक्ष्य निर्धारित करना कभी भी देर नहीं होती। बढ़ते रहो, सपने देखते रहो।
