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🏛️ जीवन और दर्शन
“सबसे बड़ी खुशी यह जानने में है कि दुख का स्रोत क्या है।”
हमारे दुख के मूल को समझने से सच्ची संतोष प्राप्त हो सकती है। आइए आत्म-जागरूकता के लिए प्रयास करें।